पटना: बिहार में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर हुई टिप्पणी पर हंगामा हो गया। डॉ. श्रीकृष्ण सिंह की 139वीं जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में एक व्यक्ति ने कहा कि मोदी कहीं नहीं जाएंगे। इस पर खरगे ने जवाब दिया, “मोदी का बाप भी जाएगा।” इसके बाद खरगे ने अपने संबोधन में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और भाजपा पर भी निशाना साधा।
श्रीकृष्ण सिंह को दी श्रद्धांजलि
खरगे ने बिहार केसरी डॉ. श्रीकृष्ण सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्हें राज्य में लोकतंत्र की नींव मजबूत करने वाला प्रमुख नेता बताया। उन्होंने कहा कि श्री बाबू ने जमींदारी प्रथा समाप्त करने और वंचित वर्गों के उत्थान के लिए काम किया। उनके प्रयासों से सामाजिक न्याय को नई दिशा मिली।
खरगे ने बिहार को लोकतंत्र की ऐतिहासिक धरती बताते हुए कार्यक्रम में आमंत्रित करने के लिए आयोजन समिति का आभार जताया। उन्होंने कहा कि पूरा देश श्रीकृष्ण सिंह के योगदान को याद करता है।
बिहार में कांग्रेस सरकारों का किया जिक्र
खरगे ने बिहार में कांग्रेस सरकारों के इतिहास का उल्लेख करते हुए कहा कि 1937 में श्रीकृष्ण सिंह के नेतृत्व में पहली कांग्रेस सरकार बनी थी। इसके बाद 1947 में दूसरी सरकार गठित हुई। उन्होंने बताया कि ब्रिटिश शासन के दौरान मुख्यमंत्री को ‘प्रीमियर’ कहा जाता था।
खरगे के मुताबिक, 1952 में संविधान के तहत हुए पहले विधानसभा चुनाव के बाद श्रीकृष्ण सिंह मुख्यमंत्री बने रहे। उन्होंने 3 जनवरी 1961 तक इस पद पर काम किया।
आरएसएस की विचारधारा पर साधा निशाना
खरगे ने अपने संबोधन में आरएसएस और भाजपा की विचारधारा की आलोचना की। उन्होंने कहा कि देश में जब तक आरएसएस की विचारधारा बनी रहेगी, तब तक शांति स्थापित नहीं हो सकती।
उन्होंने बिहार की जनता से मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के खिलाफ देशव्यापी आंदोलन का समर्थन करने की अपील की। खरगे ने इस अभियान को ‘आजादी की दूसरी लड़ाई’ बताया।
नीतीश कुमार और भाजपा पर टिप्पणी
खरगे ने आरोप लगाया कि भाजपा और आरएसएस बिहार के प्रमुख नेताओं, जिनमें डॉ. राजेंद्र प्रसाद भी शामिल हैं, की विरासत को कमजोर करने का काम कर रहे हैं। उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें इस बात का दुख है कि समाजवादी विचारधारा से जुड़े नेता भी उन लोगों के साथ चले गए, जो आरएसएस की विचारधारा में विश्वास करते हैं।
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‘शुद्धिकरण’ मामले की जांच का मुद्दा उठाया
खरगे ने कथित ‘शुद्धिकरण’ की घटना का जिक्र करते हुए इसमें शामिल लोगों की पहचान और जांच की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के तत्कालीन राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने इस मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया था, लेकिन बाद में कार्रवाई नहीं हुई।
खरगे ने यह भी आरोप लगाया कि जब राहुल गांधी हल्द्वानी पहुंचे, तो उनके खिलाफ ही प्राथमिकी दर्ज कर दी गई। उन्होंने इस घटनाक्रम को लेकर भाजपा पर सवाल उठाए।
कार्यक्रम में खरगे की प्रधानमंत्री मोदी को लेकर की गई टिप्पणी और आरएसएस-भाजपा पर उनके आरोप प्रमुख रूप से चर्चा में रहे।

