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ई-मेल से मिली आयुध निर्माण फैक्ट्री को उड़ाने की धमकी

खमरिया और इटारसी ऑर्डिनेंस फैक्ट्री पर बम धमकी, हाई अलर्ट
जबलपुर। देश की रक्षा व्यवस्था से जुड़ी प्रदेश की अहम आयुद्ध निर्माण इकाइयों जबलपुर और इटारसी को बंम से उड़ाने की ई-मेल से धमकी मिलने के बाद सुरक्षा ऐजेंसियों के कान खड़े हो गए। खतरे की आहट भांपते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के तमाम एहतियात में जरूरी कदम उठाए है। जबलपुर और इटारसी की ऑर्डिनेंस फैक्ट्रियों को बम से उड़ाने की धमकी ने सुरक्षा एजेंसियों को चौकन्ना कर दिया।
मध्य प्रदेश की दो महत्वपूर्ण रक्षा इकाइयों, जबलपुर स्थित आयुध निर्माण फैक्ट्री खमरिया और इटारसी ऑर्डिनेंस फैक्ट्री, को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया। यह धमकी तमिलनाडु से भेजे गए एक ई-मेल के जरिए दी गई, जिसके सामने आते ही आर्मी और डिफेंस इंटेलिजेंस विंग हरकत में आ गई।
सूचना मिलते ही दोनों फैक्ट्रियों में सुरक्षा व्यवस्था को तत्काल सख्त कर दिया गया। बम स्क्वायड और डॉग स्क्वायड की टीमों ने पूरे परिसर की गहन तलाशी ली। फैक्ट्री के संवेदनशील हिस्सों, कर्मचारियों के आवासीय क्षेत्रों और प्रवेश-निकास मार्गों की विशेष जांच की गई। कई घंटों तक चली सर्चिंग के बावजूद कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों ने इसे हल्के में लेने से इनकार कर दिया।
आयुध निर्माण फैक्ट्री खमरिया भारत सरकार की अत्यंत महत्वपूर्ण रक्षा इकाई है, जहां सेना के लिए हथियार और गोला-बारूद का निर्माण होता है। ऐसे में किसी भी तरह की धमकी को राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़कर देखा जाता है। अधिकारियों का कहना है कि यह सिर्फ अफवाह या शरारत भी हो सकती है, लेकिन संभावित खतरे को नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है।
सूत्रों के मुताबिक, धमकी भरे ई-मेल की तकनीकी जांच शुरू कर दी गई है। साइबर सेल ई-मेल की लोकेशन, सर्वर और भेजने वाले की पहचान में जुटी है। उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी कुछ महीनों पूर्व इसी तरह की धमकी मिली थी, जो जांच में फर्जी साबित हुई थी।
फिलहाल फैक्ट्रियों में कामकाज सामान्य है, लेकिन अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। कर्मचारियों और अधिकारियों को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि डिजिटल माध्यमों के जरिए दी जाने वाली धमकियां किस तरह सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती बन रही हैं।

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