Asian Games: एशियन गेम्स 2026 के लिए महीनों से तैयारी कर रहीं युवा वुशु खिलाड़ी दिव्यांशी चौधरी को बड़ा झटका लगा है। जापान रवाना होने से कुछ दिन पहले उनका नाम भारतीय टीम से हटा दिया गया। उनकी जगह अनुभवी खिलाड़ी नाओरेम रोशिबिना देवी को टीम में शामिल किया गया है। इसकी वजह मेडिकल रिपोर्ट को बताया गया है, जबकि दिव्यांशी ने पूरे फैसले पर सवाल उठाए हैं।
मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि दिव्यांशी को टीम की किट मिल चुकी थी, यात्रा की तैयारी पूरी थी और वह नई दिल्ली में हुए विदाई समारोह में भी शामिल हुई थीं।
ट्रायल जीतकर बनाई थी टीम में जगह
कोटा की रहने वाली 18 साल की दिव्यांशी ने महिला 60 किग्रा सांडा वर्ग के चयन ट्रायल में रोशिबिना देवी को हराया था। रोशिबिना दो बार एशियन गेम्स में पदक जीत चुकी हैं। ट्रायल में जीत के बाद दिव्यांशी के लिए एशियन गेम्स में भारत का प्रतिनिधित्व करने का रास्ता साफ हुआ था।
हालांकि, नेशनल कैंप के दौरान Sports Authority of India (SAI) की मेडिकल जांच के बाद स्थिति बदल गई। मेडिकल आधार पर उन्हें प्रतियोगिता के लिए फिट नहीं माना गया और आखिर में टीम से बाहर कर दिया गया।
सोशल मीडिया पर भावुक हुईं दिव्यांशी
टीम से बाहर होने के बाद दिव्यांशी ने सोशल मीडिया के जरिए अपनी बात रखी। वह इस दौरान भावुक नजर आईं। उन्होंने दावा किया कि पिछले कुछ महीनों से उन पर मानसिक दबाव था और उनकी बात ठीक तरह से नहीं सुनी जा रही।
उन्होंने चयन प्रक्रिया पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि जब उन्होंने ट्रायल में जीत हासिल करके अपनी जगह बनाई थी, तो बाद में उन्हें एशियन गेम्स में जाने से क्यों रोका गया। दिव्यांशी ने पूरे घटनाक्रम को ‘पावर का गलत इस्तेमाल’ तक बताया।
WAI ने मेडिकल रिपोर्ट को बताया वजह
दूसरी ओर Wushu Association of India (WAI) ने चयन में पक्षपात के आरोपों से इनकार किया है। एसोसिएशन के CEO सुहेल अहमद के मुताबिक, फैसला SAI की मेडिकल जांच के आधार पर लिया गया है। WAI का कहना है कि दिव्यांशी प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं, लेकिन किसी खिलाड़ी के medically fit नहीं होने की स्थिति में उसे अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भेजना संभव नहीं होता।
फिलहाल एक तरफ एसोसिएशन मेडिकल कारणों को फैसले की वजह बता रहा है, वहीं दूसरी तरफ दिव्यांशी चयन प्रक्रिया पर सवाल उठा रही हैं। ऐसे में एशियन गेम्स से ठीक पहले हुआ यह बदलाव भारतीय वुशु टीम को लेकर नई बहस खड़ी कर रहा है।

