भोपाल: मध्य प्रदेश में शिक्षक भर्ती को लेकर वर्ग-2 और वर्ग-3 के अभ्यर्थियों का आंदोलन एक बार फिर तेज हो गया है। मंगलवार को बड़ी संख्या में शिक्षक अभ्यर्थी भोपाल के नीलम पार्क में जुटे। यहां प्रदर्शन करने के बाद अभ्यर्थियों ने लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) की ओर रैली निकाली और अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी की।
अभ्यर्थियों की मुख्य मांग शिक्षक भर्ती में पदवृद्धि की है। उनका कहना है कि प्रदेश के सरकारी स्कूलों में बड़ी संख्या में पद खाली हैं, लेकिन भर्ती में उसके मुकाबले कम पद रखे गए हैं। इससे परीक्षा में अच्छे अंक हासिल करने के बावजूद कई योग्य उम्मीदवार नियुक्ति से बाहर रह गए हैं। हाल के आंदोलन में वर्ग-2 के अभ्यर्थी करीब 10 हजार पद बढ़ाने और वर्ग-3 के अभ्यर्थी पदों की संख्या 25 हजार तक करने की मांग उठा चुके हैं।
नीलम पार्क से DPI की ओर बढ़े अभ्यर्थी
मंगलवार को नीलम पार्क में जुटने के बाद अभ्यर्थियों ने DPI तक रैली निकालकर विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार और शिक्षा विभाग से भर्ती से जुड़ी मांगों पर जल्द फैसला लेने की मांग की। अभ्यर्थियों का कहना है कि वे लंबे समय से अपनी बात सरकार और संबंधित अधिकारियों तक पहुंचा रहे हैं, लेकिन पदवृद्धि को लेकर अभी तक उनकी उम्मीद के मुताबिक निर्णय नहीं हुआ है।
पद बढ़ाने के साथ अभ्यर्थी रिक्त पदों को मौजूदा भर्ती में शामिल करने और दूसरी काउंसलिंग कराने की मांग भी लगातार उठा रहे हैं। इससे पहले वर्ग-2 में प्रत्येक विषय में करीब तीन हजार अतिरिक्त पद और वर्ग-3 में 25 हजार पद किए जाने की मांग भी सामने आई थी।
कई दिनों से चल रहा पदवृद्धि आंदोलन
शिक्षक अभ्यर्थियों का यह विरोध नया नहीं है। 21 अगस्त से नीलम पार्क में अनिश्चितकालीन धरना शुरू हुआ था। आंदोलन के दौरान अभ्यर्थियों ने भूख हड़ताल की और मुख्यमंत्री व शिक्षा मंत्री के नाम खून से पत्र तक लिखा।
13 सितंबर तक आंदोलन के 25 दिन पूरे होने की रिपोर्ट सामने आई थी। उस समय भी अभ्यर्थियों ने पदवृद्धि पर ठोस फैसला नहीं होने का आरोप लगाते हुए आंदोलन जारी रखा था।

