नई दिल्ली: फ्लाईदुबई के भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार इन दिनों अपनी बहादुरी को लेकर चर्चा में हैं। दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाइट FZ1073 में गंभीर हालात पैदा होने के बावजूद उन्होंने विमान को सुरक्षित उतारने में अहम भूमिका निभाई। विमान में 174 लोग सवार बताए गए थे।
इस घटना के बाद अब कैप्टन स्मित को सम्मानित करने और पुरस्कार देने की घोषणाएं भी सामने आ रही हैं। मैनकाइंड फार्मा, गुजरात सरकार और राज्यसभा सांसद विक्रमजीत सिंह साहनी की ओर से घोषित नकद पुरस्कारों को मिलाकर रकम 1.50 करोड़ रुपये तक पहुंचती है।
मैनकाइंड फार्मा ने किया 1 करोड़ का ऐलान
सबसे बड़ा नकद पुरस्कार मैनकाइंड फार्मा की ओर से घोषित किया गया है। कंपनी ने कैप्टन स्मित और उनके परिवार के लिए 1 करोड़ रुपये देने की घोषणा की है।
कंपनी ने उनके साहस और यात्रियों की सुरक्षा के लिए दिखाई गई जिम्मेदारी की सराहना की है।
गुजरात सरकार देगी 25 लाख रुपये
गुजरात से ताल्लुक रखने वाले कैप्टन स्मित को राज्य सरकार ने भी सम्मानित करने का फैसला किया है। गुजरात सरकार ने उन्हें ‘विशिष्ट गुजरात गरिमा पुरस्कार’ देने की घोषणा की है।
इसके साथ 25 लाख रुपये का नकद पुरस्कार दिए जाने की बात भी कही गई है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने 1 अक्टूबर को इससे जुड़ी घोषणा की थी।
राज्यसभा सांसद ने भी घोषित किए 25 लाख
राज्यसभा सांसद विक्रमजीत सिंह साहनी से जुड़ी सन फाउंडेशन की ओर से भी कैप्टन स्मित के लिए 25 लाख रुपये के ‘स्मित मच्छार शौर्य पुरस्कार’ की घोषणा की गई है।
इस तरह अब तक सामने आई इन तीन घोषणाओं को जोड़ें तो कैप्टन स्मित के लिए कुल 1 करोड़ 50 लाख रुपये के नकद पुरस्कार का ऐलान किया जा चुका है।
राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान देने की भी उठी मांग
कैप्टन स्मित की बहादुरी को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित करने की मांग भी उठ रही है। फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स और कुछ जनप्रतिनिधियों की ओर से केंद्र सरकार से उन्हें राष्ट्रीय स्तर का वीरता सम्मान देने का अनुरोध किए जाने की बात सामने आई है।
यह भी पढ़ें: हलालपुर पटाखा बाजार: 2 साल पहले दिया अल्टीमेटम, अब तक नहीं हटा बाजार
फ्लाइट FZ1073 में क्या हुआ था?
30 सितंबर को फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 दुबई से तेल अवीव की ओर जा रही थी। सामने आई जानकारी के अनुसार, उड़ान के दौरान कॉकपिट में गंभीर घटना हुई और कैप्टन स्मित घायल हो गए। इसके बावजूद विमान को सऊदी अरब के तबुक एयरपोर्ट की ओर मोड़ा गया और सुरक्षित लैंडिंग हुई। विमान में सवार यात्रियों को सुरक्षित निकाला गया। घटना वास्तव में किन परिस्थितियों में हुई और इसके पीछे क्या कारण था, इसे लेकर जांच जारी है।
कैप्टन स्मित भी घटना में लगी चोटों से उबर रहे हैं। इस पूरे घटनाक्रम के बाद उनकी बहादुरी और मुश्किल समय में दिखाई गई सूझबूझ को लेकर लगातार सम्मान और पुरस्कार की घोषणाएं सामने आ रही हैं।

