नई दिल्ली : इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से गेंदबाजों के छक्के छुड़ाने वाले कई बड़े नाम इंग्लैंड की परिस्थितियों में संघर्ष करते नजर आ रहे हैं। IPL में जहां ये खिलाड़ी तेज गति से रन बनाकर मैच का रुख बदल देते हैं। वहीं इंग्लैंड की पिचों पर स्विंग, सीम और उछाल के सामने उनकी परीक्षा हो रही है।
IPL की चमक, इंग्लैंड में मुश्किल चुनौती
IPL की पिचों पर बल्लेबाजों को अक्सर सपाट विकेट, छोटे मैदान और तेज आउटफील्ड का फायदा मिलता है। यही कारण है कि कई खिलाड़ी टूर्नामेंट में शानदार स्ट्राइक रेट से रन बनाते हैं।लेकिन इंग्लैंड में परिस्थितियां पूरी तरह अलग होती हैं। यहां शुरुआती ओवरों में गेंद हवा में ज्यादा मूव करती है और तेज गेंदबाज बल्लेबाजों को लगातार परेशान करते हैं। ऐसे में आक्रामक बल्लेबाजी करने वाले खिलाड़ी भी संभलकर खेलने को मजबूर हो जाते हैं।
क्यों फेल होते हैं IPL के सितारे?
स्विंग गेंदबाजी सबसे बड़ी चुनौती – इंग्लैंड की परिस्थितियों में तेज गेंदबाजों को स्वाभाविक रूप से स्विंग और सीम मूवमेंट मिलती है। नई गेंद बल्लेबाजों के लिए सबसे कठिन परीक्षा साबित होती है।
पिचों का अलग व्यवहार – इंग्लैंड की पिचें भारत की तुलना में अधिक उछाल और सीम मूवमेंट प्रदान करती हैं। ऐसे में बल्लेबाजों को अपनी तकनीक और शॉट चयन में बदलाव करना पड़ता है।
वैभव सूर्यवंशी भी संघर्ष करते नज़र आए
15 वर्षीय युवा भारतीय बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी जिन पर पूरी दुनिया की निगाहे टिकी है, इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टी20 मुकाबले में तूफानी शुरुआत की, लेकिन वह ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सके। वैभव ने मैदान पर आते ही अपना इरादा साफ कर दिया और तेजतर्रार बल्लेबाजी करते हुए महज 5 गेंदों में 13 रन बना डाले। इस दौरान उन्होंने दो शानदार छक्के लगाकर अपनी प्रतिभा की झलक दिखाई। उनका स्ट्राइक रेट करीब 260 का रहा। हालांकि, युवा बल्लेबाज अपनी इस आक्रामक शुरुआत को बड़ी पारी में नहीं बदल सके।इंग्लैंड के तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर ने उन्हें अपनी गेंद पर आउट कर दिया।

