कोलंबो:श्रीलंका के टेस्ट कप्तान धनंजय डी सिल्वा ने तत्काल प्रभाव से टेस्ट टीम की कप्तानी छोड़ने का फैसला किया है। 35 साल के धनंजय ने चयन समिति को पत्र भेजकर अपने फैसले की जानकारी दी। धनंजय ने कहा कि अब टीम की जिम्मेदारी अगली पीढ़ी को सौंपने का समय आ गया है।
टेस्ट मैच में 13 शतक लगाए
धनंजय ने जनवरी 2024 में दिमुथ करुणारत्ने की जगह श्रीलंका की टेस्ट कप्तानी संभाली थी। उनके नेतृत्व में उन्होंने टीम की कमान संभालने के साथ बल्लेबाजी में भी योगदान दिया। धनंजय डी सिल्वा ने अब तक 69 टेस्ट मैच खेले हैं और उनके नाम 4,400 से ज्यादा रन दर्ज हैं। इस दौरान उन्होंने 13 शतक भी लगाए हैं।
कप्तानी छोड़ने के बाद अब श्रीलंका क्रिकेट को टेस्ट टीम के लिए नए कप्तान का चयन करना होगा। वहीं, धनंजय के अनुभव का फायदा टीम को बतौर खिलाड़ी आगे भी मिल सकता है।
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अगली पीढ़ी को जिम्मेदारी सौंपे
धनंजय डी सिल्वा ने श्रीलंका की चयन समिति को लिखे पत्र में कहा, ‘मेरी ईमानदार राय है कि जिम्मेदारी अगली पीढ़ी को सौंप देनी चाहिए।’
धनंजय डी सिल्वा ने कप्तानी संभालने के बाद श्रीलंका को 18 टेस्ट मैचों में नेतृत्व दिया। श्रीलंका ने इनमें से 7 मैच जीते। कप्तान के तौर पर धनंजय ने 36.45 की औसत से 1,130 रन बनाए। उन्होंने 9 विकेट भी लिए।
डी सिल्वा ने कन्फर्म किया कि वह एक खिलाड़ी के तौर पर श्रीलंका के लिए खेलने के लिए उपलब्ध रहेंगे। श्रीलंका क्रिकेट के CEO एशले डी सिल्वा ने टेस्ट क्रिकेट में उनके योगदान के लिए उन्हें धन्यवाद दिया, और कहा श्रीलंका क्रिकेट उनके बाकी करियर के लिए उन्हें शुभकामनाएं देता है और हमारी टेस्ट टीम को लीड करने के लिए उनका शुक्रिया अदा करता है।

