Sunday, November 8, 2026
Contact: +91 97559 93555
Email: tathyawani@gmail.com
spot_img
Homeबिजनेसकच्चा तेल सस्ता होते ही रुपये को मिला सहारा: शुरुआती कमजोरी से...

कच्चा तेल सस्ता होते ही रुपये को मिला सहारा: शुरुआती कमजोरी से उबरकर डॉलर के मुकाबले 95.40 पर पहुंचा

मुंबई: वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का असर भारतीय रुपये पर भी दिखा। गुरुवार को शुरुआती कारोबार में रुपया कमजोरी से उबरते हुए अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 4 पैसे मजबूत होकर 95.40 के स्तर पर पहुंच गया। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, ब्रेंट क्रूड की कीमतों में कमी से रुपये को समर्थन मिला है।

95.50 पर खुला, पहले और फिसला फिर संभला रुपया

ईद-ए-मिलाद के कारण बुधवार को विदेशी मुद्रा बाजार बंद था। गुरुवार को बाजार खुलने पर रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 95.50 पर खुला और शुरुआती कारोबार में गिरकर 95.52 तक पहुंच गया। हालांकि, इसके बाद इसमें सुधार देखने को मिला और रुपया पिछले बंद स्तर से 4 पैसे मजबूत होकर 95.40 पर कारोबार करने लगा।

इससे पहले मंगलवार को रुपया 26 पैसे की बड़ी बढ़त के साथ 95.44 पर बंद हुआ था।

ब्रेंट क्रूड 90 डॉलर से नीचे आया

अंतरराष्ट्रीय बाजार में बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड की कीमत गिरकर 87.48 डॉलर प्रति बैरल पर आ गई। बाजार में ओमान और ईरान के बीच स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज में अस्थायी शिपिंग कॉरिडोर को लेकर चल रही बातचीत के कारण तेल आपूर्ति बाधित होने की आशंका कम हुई है।

विशेषज्ञों का मानना है कि तेल की कीमतों में गिरावट भारत जैसे बड़े तेल आयातक देशों के लिए राहत की खबर है, जिससे रुपये को भी मजबूती मिलती है।

यह भी पढ़े: न्यूयॉर्क में मोहन भागवत के कार्यक्रम से पहले विवाद: HAF का दावा- रद्द कराने की हो रही कोशिश

RBI के कदमों से भी मिला समर्थन

फॉरेक्स विशेषज्ञों के अनुसार, भारतीय रिजर्व बैंक ने जून में बाजार से करीब 56.1 करोड़ डॉलर खरीदे। इससे पहले रुपये को संभालने के लिए RBI लगातार दो महीने तक डॉलर बेच रहा था।

आरबीआई की विशेष योजनाओं, जिनमें FCNR-B जमा, विदेशी वाणिज्यिक कर्ज और विदेशी संस्थागत लोन शामिल हैं, के जरिए 21 अगस्त तक करीब 73 अरब डॉलर का विदेशी फंड आने की बात कही गई है। विशेषज्ञों के मुताबिक विशेष जमा योजना 31 अगस्त तक खुली है, जिससे फिलहाल रुपये को मजबूती मिल सकती है।

आगे 95.15 से 95.20 के दायरे में रह सकता है रुपया

बाजार जानकारों के अनुसार, आने वाले दिनों में डॉलर-रुपये का विनिमय दर 95.15 से 95.20 के दायरे में बना रह सकता है। हालांकि, लंबी अवधि में रुपये पर दबाव बढ़ने की आशंका भी जताई जा रही है और आने वाले हफ्तों में यह 96.20 से 96.50 के स्तर तक पहुंच सकता है।

RELATED ARTICLES

ई-पेपर

1 to 7 November 2026
25 to 31 October 2026

शासकीय निविदाएं

विज्ञापन