मुंबई/भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र और मध्यप्रदेश सरकार मिलकर ग्वालियर में देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन (TMZ) विकसित कर रही हैं। मुंबई में आयोजित राउंड टेबल कॉन्फ्रेंस में उद्योगपतियों और निवेशकों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश आज देश का सबसे भरोसेमंद निवेश गंतव्य बनकर उभरा है और राज्य सरकार उद्योगों को हर संभव सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है।
निवेशकों का बढ़ा भरोसा
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले ढाई वर्षों में राज्य सरकार ने उद्योगों के लिए कई निवेश-अनुकूल नीतियां लागू की हैं। इन नीतियों के चलते देश-विदेश के निवेशकों का भरोसा मध्यप्रदेश पर बढ़ा है और प्रदेश को रिकॉर्ड निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि पारदर्शी नीतियां और सुशासन ही निवेशकों के विश्वास की सबसे बड़ी वजह हैं।
दिल्ली राउंड टेबल से मिले 3,500 करोड़ के निवेश प्रस्ताव
डॉ. यादव ने बताया कि दिल्ली में आयोजित पहली निवेशक राउंड टेबल बैठक में 3,500 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले, जिनसे करीब 14 हजार रोजगार के अवसर सृजित होंगे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार देशभर में रोड शो और निवेशक सम्मेलन आयोजित कर उद्योगों को मध्यप्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित कर रही है।
ग्वालियर में बनेगा देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन
मुख्यमंत्री ने बताया कि लगभग 170 एकड़ क्षेत्र में विकसित होने वाला ग्वालियर का टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन देश का पहला इंटीग्रेटेड टेलीकॉम टेक्नोलॉजी इकोसिस्टम होगा। यहां दूरसंचार उपकरणों का निर्माण, अनुसंधान, डिजाइन, टेस्टिंग और इनोवेशन एक ही परिसर में उपलब्ध होगा।
निवेशकों को मिलेंगी आकर्षक सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश में उद्योगों के लिए सस्ती बिजली, पर्याप्त भूमि, कुशल श्रमिक और बेहतर कानून व्यवस्था उपलब्ध है। रोजगार आधारित उद्योग स्थापित करने पर सरकार 5 से 10 वर्ष तक वेतन सहायता भी प्रदान करती है।
कई बड़ी कंपनियों ने दिखाई निवेश में रुचि
ग्वालियर टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन में कई कंपनियों ने निवेश की इच्छा जताई है।
- एम.वी. इलेक्ट्रोसिस्टम्स – ₹700 करोड़, 1,500 रोजगार
- अनंत सिस्टम्स – ₹400 करोड़, 500 रोजगार
- स्टरलाइट टेक्नोलॉजीज़ लिमिटेड – ₹200 करोड़, 1,200 रोजगार
- वीएनटी – ₹150 करोड़
- टेसकॉम – ₹100 करोड़, 400 रोजगार
कुल मिलाकर ₹1,550 करोड़ के संभावित निवेश से लगभग 3,600 रोजगार सृजित होने की संभावना है।
उद्योगपतियों से भी की अहम मुलाकात
मुख्यमंत्री ने वेलस्पन वर्ल्ड के चेयरमैन बी.के. गोयनका, यूमेडिका लेबोरेट्रीज के निदेशक प्रतीक कोठारी, KRYFS पावर कॉम्पोनेंट्स के सीईओ सैफुद्दीन कुरैशी और गोदरेज इंडस्ट्रीज समूह के प्रतिनिधियों से मुलाकात कर निवेश और औद्योगिक विस्तार पर चर्चा की।
यूमेडिका ने पीथमपुर एसईजेड में 350 से 500 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव रखा, जबकि KRYFS पावर कॉम्पोनेंट्स ने सीहोर में 1,000 करोड़ रुपये निवेश कर ट्रांसफॉर्मर कॉम्पोनेंट निर्माण इकाई स्थापित करने की योजना साझा की, जिससे 2,000 से अधिक रोजगार मिलने की संभावना है।
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बताया ऐतिहासिक कदम
केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत का दूरसंचार क्षेत्र तेजी से आगे बढ़ा है। उन्होंने कहा कि ग्वालियर का टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन भारत को वैश्विक टेलीकॉम निर्माण केंद्र बनाने की दिशा में बड़ा कदम साबित होगा।
निवेशकों के लिए विशेष प्रोत्साहन पैकेज
राज्य सरकार ने टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन में निवेश करने वाली कंपनियों के लिए कई विशेष सुविधाओं की घोषणा की है।
- पात्र निवेश पर 50% तक पूंजी अनुदान (अधिकतम ₹200 करोड़)
- अनुसंधान एवं विकास परियोजनाओं के लिए ₹25 करोड़ तक सहायता
- प्रत्येक नए कर्मचारी के प्रशिक्षण पर ₹13,000 तक सहायता
- प्रत्येक कर्मचारी पर ₹5,000 प्रतिमाह रोजगार प्रोत्साहन
- निर्यात मालभाड़े पर 50% तक प्रतिपूर्ति
- हरित विनिर्माण परियोजनाओं के लिए ₹5 करोड़ तक सहायता
- ₹1 में भूमि प्रीमियम
- ₹1 प्रति वर्गमीटर वार्षिक लीज
- 100% स्टाम्प शुल्क प्रतिपूर्ति
- 5 वर्षों तक बिजली पर ₹2 प्रति यूनिट की रियायत
- रियायती जल शुल्क
मध्यप्रदेश में निवेश का यही सही समय
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उद्योगपतियों से मध्यप्रदेश को अपने औद्योगिक विस्तार का साझेदार बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार निवेशकों के साथ केवल उद्योग स्थापित नहीं करती, बल्कि उनके दीर्घकालिक विकास में भी भागीदार बनती है। उन्होंने विश्वास जताया कि ग्वालियर का टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन प्रदेश और देश दोनों के औद्योगिक विकास को नई दिशा देगा।

