शिवपुरी: जिले के पिछोर क्षेत्र में रातभर हुई भारी बारिश के बाद महुअर नदी अचानक उफान पर आ गई। नदी का जलस्तर बढ़ने से शाजापुर समेत आसपास के कई गांवों में बाढ़ जैसे हालात बन गए। तेज बहाव की चपेट में आने से शाजापुर गांव में एक किसान का सोलर पंप क्षतिग्रस्त हो गया, जबकि खेतों में खड़ी मूंगफली की फसल भी पानी के तेज बहाव में बह गई। इसके अलावा आसपास के कई गांवों में बिजली के खंभे उखड़ने से बिजली आपूर्ति प्रभावित होने की जानकारी सामने आई है।
पांच फीट पानी में डूबा सोलर पंप
शाजापुर गांव के किसान हनुमत सिंह लोधी ने बताया कि महुअर नदी से करीब 400 फीट की दूरी पर उनका सोलर पंप लगा हुआ था। नदी में अचानक तेज बहाव आने के बाद सोलर स्ट्रक्चर के ऊपर करीब पांच फीट तक पानी बहने लगा।
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तेज बहाव के साथ आई बड़ी-बड़ी लकड़ियां सोलर स्ट्रक्चर में फंस गईं, जिससे सोलर पैनल और स्ट्रक्चर को नुकसान पहुंचा। हालांकि, मुख्य पोल करीब पांच फीट गहरे गड्ढे में लगा होने के कारण पूरी तरह उखड़ने से बच गया।
किसान के मुताबिक, यह सोलर पंप उन्हें प्रधानमंत्री कृषक सूर्य मित्र योजना के तहत मिला था। अब उन्हें कंपनी और बीमा के माध्यम से नुकसान की भरपाई और पंप दोबारा मिलने की उम्मीद है।
खेतों में घुसा पानी, मूंगफली की फसल बही
महुअर नदी का जलस्तर बढ़ने के बाद शाजापुर गांव के कई किसानों के खेतों में पानी घुस गया। तेज बहाव के कारण खेतों में खड़ी मूंगफली की फसल बह गई, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने इससे पहले महुअर नदी को इतने तेज और भयावह रूप में नहीं देखा।
बिजली और आवागमन पर भी असर
लगातार बारिश और नदी के तेज बहाव के बीच आसपास के कई गांवों में बिजली के खंभे उखड़ने की जानकारी सामने आई है। इसके चलते कई इलाकों में बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है।
महुअर नदी के उफान और लगातार बारिश के कारण किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचने के साथ बिजली आपूर्ति और आवागमन से जुड़ी समस्याएं भी बढ़ गई हैं। ग्रामीण अब प्रशासन से राहत और सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।

