भोपाल। विश्व आदिवासी दिवस 2026 को ऐतिहासिक और भव्य स्वरूप देने के उद्देश्य से मध्य प्रदेश आदिवासी विकास परिषद – युवा प्रभाग की महत्वपूर्ण बैठक आज भोपाल में आयोजित की गई। बैठक में प्रदेशभर से आए युवा प्रतिनिधियों, पदाधिकारियों और समाज के वरिष्ठ सदस्यों ने हिस्सा लेकर आयोजन की रूपरेखा पर विस्तृत चर्चा की।
बता दें बैठक में कार्यक्रम के सफल आयोजन, आदिवासी समाज की अधिकतम भागीदारी, जनसंपर्क अभियान, बजट, सांस्कृतिक कार्यक्रमों तथा आयोजन की रणनीति को अंतिम रूप देने की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
दो चरणों में हुई बैठक
बैठक को दो चरणों में आयोजित किया गया।
पहला चरण: आयोजन की रणनीति पर मंथन
पहले चरण में आगामी 9 अगस्त 2026 को आयोजित होने वाले विश्व आदिवासी दिवस के लिए कार्यक्रम स्थल, वित्तीय व्यवस्था, प्रचार-प्रसार, समाज के विभिन्न वर्गों की सहभागिता तथा आयोजन को प्रभावी बनाने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई। बैठक में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि इस वर्ष का आयोजन आदिवासी संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता का बड़ा संदेश देने वाला हो।
दूसरा चरण: विश्व आदिवासी दिवस आयोजन समिति का गठन
बैठक के दूसरे चरण में सर्वसम्मति से “विश्व आदिवासी दिवस 2026 आयोजन समिति” का गठन किया गया। यह समिति कार्यक्रम की संपूर्ण योजना, समन्वय, तैयारियों की निगरानी और आयोजन के सफल संचालन की जिम्मेदारी संभालेगी।
उमंग सिंघार के मार्गदर्शन में होंगी तैयारियां
बैठक में निर्णय लिया गया कि आयोजन समिति मध्य प्रदेश आदिवासी विकास परिषद के प्रदेश अध्यक्ष उमंग सिंघार के मार्गदर्शन एवं नेतृत्व में कार्यक्रम की सभी तैयारियों को आगे बढ़ाएगी। परिषद के पदाधिकारियों ने कहा कि इस वर्ष विश्व आदिवासी दिवस को प्रदेश स्तर पर एक ऐतिहासिक सांस्कृतिक आयोजन के रूप में मनाने का लक्ष्य रखा गया है।
बैठक में ये पदाधिकारी रहे मौजूद
बैठक में प्रदेश सचिव विनोद ईरपाचे, वरिष्ठ पदाधिकारी रत्नेश मरावी, प्रदेश युवा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह सैयाम, कर्मचारी प्रभाग के प्रदेश अध्यक्ष रमेश गणावा, राकेश भूरिया, नवीन खेस, बलवंत सिंह, गोलू, वेद मारसकोले, बलराम ओझा तथा वरिष्ठ आदिवासी चित्रकार आनंद श्याम सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
बैठक का समापन इस संकल्प के साथ हुआ कि “आदिवासी पहचान का उत्सव” की भावना को गांव-गांव और जन-जन तक पहुंचाया जाएगा। परिषद का उद्देश्य विश्व आदिवासी दिवस 2026 को आदिवासी समाज की संस्कृति, परंपरा, गौरव, अस्मिता और एकता का भव्य एवं ऐतिहासिक उत्सव बनाना है।

