वाराणसी: रामलीला में आया हाथी अचानक बेकाबू हो गया और आसपास रखी चीजों को सूंड से उठाकर फेंकने लगा। इतना ही नहीं उसने दीवारें और दुकानें तोड़ दीं। यह देखकर आसपास मौजूद लोग जान बचाकर भागे। आश्यचर्य की बात यह देखने मिली, महावत ने हाथी को काबू करने की कोशिश की तो हाथी ने उसे उठाकर पटक दिया।
रामलीला उत्सव के लिए हाथी लाया गया था
हाथी आजमगढ़ से लाया गया था। इसी पर सवार होकर काशीराज परिवार के डॉ. अनंत नारायण सिंह के बेटे रामलीला देखते हैं। रामनगर के पंचवटी मैदान में रविवार सुबह 10.30 बजे महावत छापलू हाथी को खाना देने जा रहा था। तभी वह भड़क गया। फिर मैदान से निकलकर सड़क पर भागने लगा।
हाथी ने पेड़ और बिजली के पोल उखाड़े
रास्ते में पेड़ और बिजली के पोल उखाड़ दिए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने 2 किमी. के इलाके को बैरिकेडिंग कर बंद कर दिया। लोगों से इलाके से दूर रहने के लिए कह रही है। वन विभाग और NDRF समेत 200 लोग हाथी को काबू करने में जुटे हुए हैं। रामनगर इलाके की बिजली काट दी गई है।
पंचवटी मैदान की जिला मुख्यालय से दूरी 17 किमी, जबकि काशी विश्वनाथ मंदिर से 10 किमी. है। यहां रामलीला के लिए आए हाथियों को रखा जाता है। रामलीला में हिस्सा लेने वाले एक्टर्स और अन्य लोग भी यहीं रहते हैं।
ये भी पढ़ें: सड़क हादसे पर पीएम मोदी और राहुल गांधी ने जताया दुख, शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त की
हाथी ने 2 मकानों के शटर तोड़े
हाथी ने दो मकानों के शटर तोड़ दिए। इसके अलावा पास में लगे एक गेट और बिजली के खंभे को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। बिजली का खंभा टूटने के बाद 33 हजार वोल्ट की लाइन बंद करनी पड़ी, जिससे रामनगर में करीब दो घंटे से बिजली सप्लाई बंद है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, हाथी की चपेट में आने से एक-दो बाइक भी गिर गईं। हालांकि, इस दौरान किसी भी स्थानीय व्यक्ति के घायल होने की सूचना नहीं है।

