सीहोर। महाकाल कॉरिडोर की सफलता के बाद मध्य प्रदेश सरकार अब आस्था को पर्यटन से जोड़ने की नई पहल कर रही है। सीहोर जिले के सलकनपुर में मां विजयासन धाम को भव्य ‘देवी लोक’ के रूप में विकसित किया जा रहा है, जो श्रद्धा के साथ आकर्षण भी बनेगा।
मध्य प्रदेश सरकार धार्मिक पर्यटन को नई ऊंचाइयों तक ले जाने की दिशा में लगातार कदम बढ़ा रही है। उज्जैन के महाकाल लोक के बाद अब सीहोर जिले के प्रसिद्ध तीर्थ स्थल सलकनपुर में मां विजयासन धाम को भव्य कॉरिडोर और देवी लोक के रूप में विकसित किया जा रहा है। करोड़ों रुपये की लागत से बन रहा यह प्रोजेक्ट जल्द ही श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया जाएगा।
देवी लोक का डिजाइन और निर्माण मध्य प्रदेश पर्यटन विकास निगम द्वारा किया गया है। पूरे परिसर में बंसी पहाड़पुर के लाल पत्थरों का उपयोग किया गया है, जिन पर देवी-देवताओं की कलात्मक आकृतियां उकेरी गई हैं। कॉरिडोर के मार्ग पर माता रानी की विभिन्न लीलाओं को पत्थरों पर जीवंत रूप में दर्शाया गया है, जिससे श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक अनुभव मिलेगा।
इस परियोजना का सबसे बड़ा आकर्षण 64 योगिनी मंदिर है। इसे 16वीं शताब्दी की स्थापत्य शैली और पुराने संसद भवन की तर्ज पर गोलाकार रूप में निर्मित किया गया है। मंदिर में 64 योगिनियों की भव्य पत्थर प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं, जबकि केंद्र में अष्ट भैरव की प्रतिमा श्रद्धा का केंद्र बनी हुई है।
दिन के उजाले में यह परिसर अपनी भव्यता से मन मोह लेता है, वहीं रात के समय रोशनी में नहाया देवी लोक सोने-सा चमकता नजर आता है। सरकार का उद्देश्य सिर्फ धार्मिक स्थल का सौंदर्यीकरण नहीं, बल्कि क्षेत्र में रोजगार और पर्यटन को बढ़ावा देना भी है।
देवी लोक के निर्माण से सलकनपुर देश-विदेश के श्रद्धालुओं के लिए एक प्रमुख आध्यात्मिक पर्यटन स्थल के रूप में उभरेगा। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि इससे क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी। यह परियोजना दर्शाती है कि किस तरह आस्था, कला और विकास को एक साथ जोड़ा जा सकता है।
आस्था और पर्यटन का संगम बनकर उभरेगा सलकनपुर, आकार ले रहा ‘मां विजयासन देवी लोक


