नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट के उभरते सितारे वैभव सूर्यवंशी को लेकर बहस लगातार तेज होती जा रही है। पूर्व भारतीय मुख्य कोच रवि शास्त्री ने टीम इंडिया मैनेजमेंट को सलाह देते हुए कहा है कि युवा बल्लेबाज को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में जल्द से जल्द मौका मिलना चाहिए था। उनका मानना है कि वैभव का डेब्यू आयरलैंड दौरे पर ही हो जाना चाहिए था। दूसरी ओर, टीम इंडिया के सहायक कोच रयान टेन डोशेट का कहना है कि वैभव पूरी तरह तैयार हैं, लेकिन टीम चयन में निरंतरता बनाए रखना भी उतना ही जरूरी है।
आयरलैंड में ही खिलाना चाहिए था
रवि शास्त्री ने कहा कि आयरलैंड की परिस्थितियां वैभव सूर्यवंशी जैसे आक्रामक बल्लेबाज के लिए बिल्कुल उपयुक्त थीं। उन्होंने कहा कि वहां की स्पंजी और धीमी पिचों पर वैभव अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से बड़ा असर छोड़ सकते थे। शास्त्री ने कहा कि छोटे मैदान और बल्लेबाजी के अनुकूल परिस्थितियों का फायदा उठाकर युवा खिलाड़ी अपने अंतरराष्ट्रीय करियर की शानदार शुरुआत कर सकता था।
रवि शास्त्री ने कहा कि वैभव सूर्यवंशी ने आईपीएल में कई अनुभवी और तेज गेंदबाजों के खिलाफ निडर बल्लेबाजी की है।
उन्होंने सवाल उठाया कि जब खिलाड़ी घरेलू और फ्रेंचाइजी क्रिकेट में लगातार प्रदर्शन कर चुका है, तो उसे लंबे समय तक बेंच पर बैठाकर रखने का कोई औचित्य नहीं है।
शास्त्री के अनुसार, वैभव जैसे खिलाड़ी टीम को शुरुआती ओवरों में तेज शुरुआत दिलाने की क्षमता रखते हैं, जिसका फायदा पूरे बल्लेबाजी क्रम को मिल सकता है।
पूर्व भारतीय कोच का मानना है कि वैभव सूर्यवंशी के पास वह बेखौफ अंदाज और आत्मविश्वास है, जो किसी भी युवा खिलाड़ी को खास बनाता है।
उन्होंने कहा कि ऐसे खिलाड़ियों पर दबाव कम होता है और वे मैच का रुख कुछ ही ओवरों में बदल सकते हैं। इसलिए भारतीय टीम को जल्द से जल्द उन्हें अवसर देना चाहिए।
सुनील गावस्कर भी कर चुके हैं समर्थन
इससे पहले भारतीय क्रिकेट के महान बल्लेबाज सुनील गावस्कर भी वैभव सूर्यवंशी का समर्थन कर चुके हैं। गावस्कर का मानना है कि टीम इंडिया की प्लेइंग इलेवन में वैभव को किसी भी कीमत पर जगह मिलनी चाहिए, क्योंकि उनका आक्रामक खेल विपक्षी टीमों पर शुरुआती दबाव बना सकता है।
सहायक कोच ने क्यों नहीं दी तुरंत जगह?
हालांकि भारतीय टीम के सहायक कोच रयान टेन डोशेट का नजरिया थोड़ा अलग है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वैभव सूर्यवंशी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने के लिए पूरी तरह तैयार हैं, लेकिन टीम मैनेजमेंट खिलाड़ियों को पर्याप्त अवसर देने की नीति पर काम कर रहा है। उनके अनुसार, किसी खिलाड़ी को केवल नए विकल्प के लिए बाहर करना सही संदेश नहीं होगा, खासकर तब जब मौजूदा खिलाड़ी लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे हों।
संजू सैमसन का भी किया बचाव
रयान टेन डोशेट ने कहा कि संजू सैमसन हाल के महीनों में टीम के लिए अहम भूमिका निभा चुके हैं और उनका आईपीएल प्रदर्शन भी प्रभावशाली रहा है। ऐसे में टीम प्रबंधन मौजूदा खिलाड़ियों का विश्वास बनाए रखना चाहता है और चयन प्रक्रिया में संतुलन रखना जरूरी मानता है।
भारत और इंग्लैंड के बीच दूसरा टी20 मुकाबला शनिवार को खेला जाएगा। इस मैच में भी सभी की नजर इस बात पर रहेगी कि क्या टीम इंडिया मैनेजमेंट युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को डेब्यू का मौका देता है या उन्हें अभी और इंतजार करना पड़ेगा। वैभव को लेकर पूर्व खिलाड़ियों और क्रिकेट विशेषज्ञों की राय लगातार सामने आ रही है, जिससे उनका अंतरराष्ट्रीय डेब्यू क्रिकेट जगत में चर्चा का बड़ा विषय बना हुआ है।

