ग्वालियर। सिगनेचर सिटी में मजदूर का हाईवोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। बता दें पीड़ित सिगनेचर सिटी में मजदूरी कर रहा है। जिसको एक महीने से मजदूर को मजदूरी नहीं मिली थी। जिसके बाद पीड़ित क्रेन पर चढ़ा और आत्महत्या की धमकी दी। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने मोर्चा संभाला और किसी तरह समझा बुझाकर मजदूर को नीचे उतारा गया। यह ड्रामा करीब 1 घंटे तक चला। जानकारी अनुसार मजदूर मूलतः बिहार रहने वाला है। यह मामला मुरार थाना क्षेत्र के बड़ा गांव का है।
कैसे शुरू हुआ मामला
बिल्डर कार्तिक गोयल बड़ागांव के नजदीक सिगनेचर सिटी का निर्माण कर रहे हैं। यहां बिहार और उत्तर प्रदेश के मजदूर काम कर रहे हैं। पीड़ित मजदूर शमशेर का कहना है कि- उन्हें कॉन्ट्रैक्ट करने वाली कंपनी ए आर एस पी ने यहां बुलाया था। वह लंबे अरसे से सिगनेचर सिटी में काम कर रहा है। लेकिन अचानक 26 दिसंबर को सिगनेचर सिटी का मेन गेट मजदूरों के लिए बंद कर दिया गया है। इसका कोई संतोषजनक कारण भी नहीं बताया जा रहा है।
मजदूरों का फोन नहीं उठा रहा ठेकेदार
इस बारे में बिल्डर कार्तिक गोयल से बात की गई तो उन्होंने कहा कि- भुगतान ठेकेदार को कर दिया गया है। लेकिन ठेकेदार मनीष खंडेलवाल मजदूरों का फोन नहीं उठा रहा है। जब मजदूरों ने कहा कि ठेकेदार को बिल्डर कार्तिक गोयल ही फोन करें तो इसे लेकर विवाद बढ़ गया।
इसी विवाद के चलते 1 मजदूर टावर क्रेन पर चढ़ गया और आत्महत्या की धमकी देने लगा। घटना की जानकारी मिलते ही एफआरबी मौके पर पहुंच गई और किसी तरह समझा बुझाकर मजदूर को नीचे उतारा जा सका। यह हंगामा करीबन 1 घंटे तक चला। जिसके चलते सिगनेचर सिटी में हड़कंप मच गया।
मजदूरों को मिली धमकी
खास बात यह है कि ठेकेदार ने कुछ असामाजिक तत्वों को भी बुला लिया था, जो मजदूरों को लाठियों से पीटने और गोली मारने की धमकी दे रहे थे। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो 1 मिनिट 11 सैकेंड का है, जिसमें बदमाश गाली गलौंच करते हुए मजदूरों को धमकाते हुए नजर आ रहे हैं। फिलहाल विवाद जस का तस बना हुआ है और मजदूरों का भुगतान नहीं किया गया है।
अब देखना है कि मजदूरों को उनका हक मिलता है या नहीं और उनके हक के लिए कौन आवाज उठाता है ?


