महाराष्ट्र। गोंदिया में लोधी समाज महोत्सव के पूर्व आयोजित कार्यक्रमों के क्रम में सामाजिक कार्यकर्ता रेखलाल उमरे ने समाज और हिन्दू एकता को लेकर अपने विचार साझा किए। एक विशेष साक्षात्कार के दौरान उन्होंने कहा कि- सर्वप्रथम हम सभी हिन्दू हैं और उसके बाद हमारी जातिगत पहचान आती है। समाज को मजबूत बनाने के लिए हिन्दू समाज की एकता पर विशेष जोर दिया जाना चाहिए।
टी. राजासिंह लोधी के योगदान को बताया प्रेरणास्रोत
कार्यक्रम के दौरान रेखलाल उमरे ने कहा कि हमारे सामाजिक एवं हिन्दू सम्राट टी. राजासिंह लोधी ने लोधी समाज को एक सूत्र में बांधने का ऐतिहासिक कार्य किया है। उनके प्रयासों से लोधी समाज को एक नई दिशा और नई पहचान मिली है। टी. राजासिंह लोधी के नेतृत्व और विचारों से सम्पूर्ण लोधी समाज प्रेरित हुआ है और आज समाज को संगठित करने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
सभी क्षेत्रों में आगे बढ़ रहा है लोधी समाज
रेखलाल उमरे ने आगे कहा कि समाज के अनेक लोगों ने अपने-अपने क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य कर समाज को गौरवान्वित किया है। वर्तमान समय में लोधी समाज शिक्षा, प्रशासन, व्यापार, राजनीति और सामाजिक क्षेत्र सहित अनेक क्षेत्रों में सफलता के नए अध्याय लिख रहा है। समाज के लोगों ने अपनी मेहनत और प्रतिभा से अपनी अलग पहचान बनाई है।
हिन्दू संस्कृति के प्रचार-प्रसार पर दिया जोर
साथ ही उन्होंने कहा कि- जातिगत समाज से पहले सर्वहारा हिन्दू समाज पर भी विचार होना चाहिए। हिन्दू संस्कृति का प्रचार-प्रसार करना हम सभी का कर्तव्य है। भारत विविधताओं से भरा देश है, जहां अलग-अलग वर्ग और समुदाय रहते हैं, लेकिन हमारी संस्कृति को आज पूरी दुनिया स्वीकार कर रही है, जो हम सभी के लिए गर्व की बात है।

