भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में प्रदेश के विकास और कर्मचारियों के हित में कई दूरगामी निर्णय लिए गए हैं। सरकार ने राज्य के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी करने का फैसला किया है। इस निर्णय का लाभ उन सभी कर्मियों को मिलेगा जो छठे और सातवें वेतनमान के अंतर्गत आते हैं।
शिक्षा और समाज कल्याण के क्षेत्र में भी सरकार ने महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। दिव्यांगों के लिए काम करने वाली संस्थाओं में नियुक्त अतिथि शिक्षकों का मासिक मानदेय अब 9,000 रुपये से बढ़ाकर 18,000 रुपये कर दिया गया है। इसके साथ ही कुपोषित बच्चों के आहार के लिए दी जाने वाली दैनिक राशि में भी वृद्धि की गई है। सरकार ने आधुनिक तकनीक को बढ़ावा देने के लिए एक विशेष राज्य मिशन शुरू करने की योजना बनाई है, जो खेती और स्वास्थ्य सेवाओं में एआई के उपयोग को सुनिश्चित करेगा।
युवाओं के लिए पुलिस भर्ती और प्रशिक्षण को सुगम बनाने के उद्देश्य से प्रदेश के 10 संभागों में विशेष प्रशिक्षण केंद्र स्थापित किए जाएंगे। जल संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए सरकार ने अगले तीन महीनों तक जल गंगा अभियान चलाने का भी निर्णय लिया है। इन सभी योजनाओं के लिए करोड़ों रुपये का बजट आवंटित किया गया है, जिससे राज्य के बुनियादी ढांचे में सुधार की उम्मीद है।
संविदा सहित नियमित कर्मचारियों के हित में मोहन सरकार का बड़ा फैसला, महंगाई भत्ते में 3 फीसदी की वृद्धि


