नई दिल्ली, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच गुरुवार को हुई टेलीफोन वार्ता ने भारत-अमेरिका संबंधों को नई गति प्रदान की है। दोनों नेताओं ने भारत–अमेरिका COMPREHENSIVE GLOBAL STRATEGIC PARTNERSHIP की प्रगति की समीक्षा की और लगातार सहयोग मजबूत होने पर संतोष जताया । विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिकी व्यापार टीम की वर्तमान भारत यात्रा के बीच मार्च 2026 तक दोनों देशों के बीच व्यापक व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर हो सकते हैं।
व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी की समीक्षा
पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर ट्वीट करते हुए कहा, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के साथ बहुत गर्मजोशी भरी और सार्थक बातचीत हुई। हमने द्विपक्षीय संबंधों की प्रगति की समीक्षा की और क्षेत्रीय व अंतरराष्ट्रीय विकास पर चर्चा की। भारत और अमेरिका वैश्विक शांति, स्थिरता और समृद्धि के लिए एक साथ काम करते रहेंगे।
विदेश मंत्रालय के बयान के अनुसार, दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी की प्रगति पर संतोष जताया। उन्होंने सहयोग के निरंतर मजबूत होने पर खुशी व्यक्त की और 21वीं सदी के लिए भारत-अमेरिका कॉम्पैक्ट को आगे बढ़ाने पर सहमति जताई।
अन्य क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर सहमति
- क्रिटिकल टेक्नोलॉजी: सेमीकंडक्टर, एआई और क्वांटम कंप्यूटिंग जैसे क्षेत्रों में साझेदारी को गहरा करने पर चर्चा।
- ऊर्जा: स्वच्छ ऊर्जा और रिन्यूएबल सोर्स पर फोकस, खासकर रूस-भारत ऊर्जा सौदों के बीच संतुलन।
- रक्षा और सुरक्षा: सैन्य सहयोग, खुफिया साझाकरण और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में स्थिरता पर जोर।
यह वार्ता रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की हालिया भारत यात्रा के ठीक बाद हुई, जो अमेरिकी नीति पर सवाल उठा रही है। डेमोक्रेटिक सांसदों ने ट्रंप की आलोचना की है, लेकिन मोदी-ट्रंप की बातचीत ने सकारात्मक संदेश दिया है।


