नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगातार हो रही तेजी का असर अब देश के ईंधन पर भी दिखाई देने लगा है। दिल्ली में प्रीमियम पेट्रोल की कीमत 99.89 रुपये प्रति लीटर में वृद्धि के बाद 101.89 रुपये प्रति लीटर हो गई है। वहीं, औद्योगिक डीजल 87.67 रुपये से बढ़कर 109.59 रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गया। सामान्य पेट्रोल-डीजल के दामों में कोई वृद्धि नहीं हुई।
ईरान और इजराईल के बीच छिड़े युद्ध के बाद खाड़ी देशों में लगातार तेल और गैस के ठिकानों पर हो रहे हमलों ने कच्चे तेल के दामों में आग लगा दी। नतीजतन लगातार दूसरे दिन पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिससे आम उपभोक्ताओं पर इसका अतिरिक्त आर्थिक दबाव पड़ सकता है।
हालांकि, कुछ शहरों में पेट्रोल और डीजल के दामों में 40 पैसे प्रति लीटर से अधिक की वृद्धि हुई है। हालांकि, देश के प्रमुख महानगरों में से दिल्ली, मुंबई और कोलकाता में कीमतें स्थिर बनी हुई हैं। वहीं चेन्नई में लगातार दूसरे दिन बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में लगभग 3 प्रतिशत तक की तेजी देखी गई है। खाड़ी क्षेत्र का कच्चा तेल 112 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया है, जबकि अमेरिकी कच्चा तेल भी 98 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर बना हुआ है। इधर जानकारों का मानना है कि मिडिल-ईस्ट में युद्ध और बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के चलते तेल की कीमतों को प्रभावित हुई हैं। हालांकि, भारत में अभी भी ईंधन की कीमतें कुछ हद तक नियंत्रण में हैं, जबकि कई अन्य देशों में कीमतों में अधिक तेजी दर्ज की गई है।
यह स्थिति संकेत देती है कि आने वाले समय में ईंधन की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है, जिसका सीधा असर आम नागरिकों की जेब पर पड़ेगा।
पेट्रोल और डीजल के कहां बढ़े दाम, आम जनता पर क्या होगा असर?


